उत्तराखंड में छह साल पहले हुए पार्षद हत्याकांड के मामले में स्पेशल टास्क फोर्स (STF) और पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। लंबे समय से फरार चल रहे इस मामले के मुख्य आरोपी और 25 हजार रुपये के इनामी शूटर रिंकू शर्मा उर्फ पंडित को गिरफ्तार कर लिया गया है। यह कार्रवाई ऑपरेशन ‘प्रहार’ के तहत की गई।
रुद्रपुर में STF और स्थानीय पुलिस की संयुक्त टीम ने बहुचर्चित पार्षद प्रकाश धामी हत्याकांड के मुख्य आरोपी को दबोच लिया। रिंकू शर्मा मध्य प्रदेश का निवासी बताया जा रहा है और लंबे समय से फरार चल रहा था। पुलिस उसकी लगातार तलाश में लगी हुई थी।
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तारी में तकनीकी सर्विलांस और खुफिया जानकारी का इस्तेमाल किया गया। आरोपी की लोकेशन ट्रैक करने के बाद STF और रुद्रपुर पुलिस ने घेराबंदी कर उसे गिरफ्तार किया। इस सफलता को कानून-व्यवस्था के लिहाज से बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।
जांच में सामने आया कि रिंकू शर्मा वर्ष 2020 में हुए रूद्रपुर के पार्षद प्रकाश धामी की दिनदहाड़े हत्या में शामिल था। उस समय पांच बदमाशों ने कार सवार होकर पार्षद पर फायरिंग की थी। फायरिंग में उनके सिर, गले और सीने पर छह गोलियां लगीं। स्थानीय लोगों के अनुसार, उन्होंने भागने की कोशिश की, लेकिन बदमाशों ने पीछा कर उन्हें मार डाला।
गिरफ्तार आरोपी का आपराधिक रिकॉर्ड लंबा है। उसके खिलाफ विभिन्न राज्यों में हत्या, लूट और गैंगस्टर एक्ट के मामले दर्ज हैं। पुलिस अब उससे गहन पूछताछ कर रही है ताकि इस हत्याकांड से जुड़े अन्य आरोपियों और नेटवर्क का खुलासा किया जा सके।
अधिकारियों ने बताया कि इस गिरफ्तारी के बाद मामले में कार्रवाई तेज कर दी गई है और अन्य फरार आरोपियों की तलाश जारी है। STF और पुलिस की इस संयुक्त कार्रवाई को क्षेत्र में अपराध पर अंकुश लगाने के लिहाज से बड़ी सफलता माना जा रहा है।
पुलिस ने बताया कि पार्षद प्रकाश धामी का पूर्व में कई गंभीर वारदातों से नाता रहा था। पार्षद बनने से पहले वह किच्छा में हुई हत्या के मामले में जेल भी गए थे, बाद में कोर्ट ने उन्हें बरी कर दिया था। इसके अलावा वर्ष 2019 में सिटी क्लब के बाहर हुई गोलीबारी और गैंगस्टर एक्ट के तहत उनके खिलाफ मामले दर्ज थे।


