उत्तराखंड के कुमाऊं मंडल स्थित एक राजकीय इंटर कॉलेज में बीते कुछ दिनों से हो रही अजीब घटनाओं ने पूरे इलाके में चर्चा का माहौल बना दिया है। स्कूल परिसर में कई छात्राओं की अचानक तबीयत बिगड़ने की घटनाओं के बाद जहां एक ओर अभिभावकों में चिंता बढ़ी, वहीं दूसरी ओर “अलौकिक प्रभाव” जैसी अफवाहें भी तेजी से फैलने लगीं।
बताया जा रहा है किकौसानी में स्थित राजकीय इंटर कॉलेज में कई छात्राओं को अचानक चक्कर आना, घबराहट और बेहोशी जैसी समस्याएं सामने आईं। इन घटनाओं से छात्राओं में भय का माहौल बन गया, जिससे स्कूल प्रशासन और अभिभावक दोनों चिंतित हो उठे। स्थिति को संभालने के लिए पहले छात्रों की काउंसलिंग कराई गई, लेकिन इसका अपेक्षित असर नहीं दिखा।
इसके बाद स्कूल प्रशासन ने छात्रों के मानसिक तनाव को कम करने के उद्देश्य से परिसर में एक छोटा मंदिर बनवाया और वहां शांति पाठ का आयोजन कराया। इस आयोजन के लिए अभिभावकों से सहयोग राशि लिए जाने की भी बात सामने आई, हालांकि अभिभावक-शिक्षक संगठन ने स्पष्ट किया कि किसी से जबरन धन नहीं लिया गया।
इसी बीच सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें स्कूल परिसर में पशु बलि जैसे गंभीर आरोप लगाए गए। हालांकि स्थानीय स्तर पर इन दावों को लेकर कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है और कई लोगों ने इसे भ्रामक बताया है।
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए मुख्य शिक्षा अधिकारी विनय कुमार आर्य ने तत्काल जांच के आदेश दिए हैं। खंड शिक्षा अधिकारी को निर्देश दिए गए हैं कि एक सप्ताह के भीतर विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए। फिलहाल यह मामला छात्रों की सुरक्षा, मानसिक स्वास्थ्य और स्कूलों में इस तरह की गतिविधियों को लेकर कई सवाल खड़े कर रहा है। अब सभी की नजरें जांच रिपोर्ट पर टिकी हैं, जिससे पूरे घटनाक्रम की सच्चाई सामने आ सकेगी।


