उत्तराखंड के कुमाऊं मंडलायुक्त दीपक रावत ने मंगलवार को खुर्पाताल क्षेत्र का स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने प्राथमिक विद्यालय खुर्पाताल के गेट पर ताला लगाने को लेकर हुए विवाद का मौके पर ही समाधान किया और क्षेत्र में अन्य अनियमितताओं की जांच भी की।
निरीक्षण के दौरान आयुक्त ने प्राथमिक विद्यालय, राजकीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय, पंचायत घर खुर्पाताल के साथ-साथ खुर्पाताल में स्थित जिला विकास प्राधिकरण की भूमि का भी अवलोकन किया। उन्होंने प्राथमिक विद्यालय के मुख्य गेट पर ताला लगाने की समस्या के संबंध में शिक्षा विभाग, स्थानीय जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों से चर्चा कर इसे तुरंत हल करवाया। आयुक्त ने निर्देश दिए कि नया ताला लगाया जाए और उसकी 1-1 चाबी प्राथमिक विद्यालय, ग्राम पंचायत खुर्पाताल और उद्यान विभाग कार्यालय के पास रखी जाएगी।
साथ ही उन्होंने स्पष्ट किया कि आवश्यकतानुसार सरकारी कार्यों के लिए परिसर के भीतर का मैदान प्रयोग किया जाएगा। खुर्पाताल में जिला विकास प्राधिकरण की भूमि में फैले कचरे पर आयुक्त ने नाराजगी व्यक्त की और क्षेत्रीय राजस्व निरीक्षक और उप निरीक्षक को दो दिन में कचरा डालने वाले व्यक्तियों की पहचान कर प्रत्येक पर 5-5 हजार रुपये जुर्माना लगाने के निर्देश दिए।
इसके अलावा आयुक्त ने झील के किनारे बनाए गए होटल और भवनों पर भी नाराजगी जताई। मौके पर उन्होंने सचिव जिला विकास प्राधिकरण, नैनीताल को निर्देश दिए कि संबंधित सहायक अभियंता अभिषेक और अवर अभियंता बबीता का वेतन रोका जाए और अनुशासनात्मक कार्यवाही की जाए। साथ ही उन्होंने ऐसे भवनों और होटलों के चालान करने तथा झील से सटी प्राधिकरण की जमीन पर किए गए अवैध कब्जे को दो दिन में हटाने का आदेश दिया।
क्षेत्र भ्रमण के दौरान कुछ स्थानीय निवासियों ने पानी की समस्या भी उठाई, जिस पर आयुक्त ने तुरंत समाधान का आश्वासन दिया। उन्होंने प्राथमिक विद्यालय के बच्चों से भी मुलाकात की और उनकी समस्याओं के बारे में जाना। निरीक्षण के दौरान उपाध्यक्ष जिला पंचायत देवकी बिष्ट, ग्राम प्रधान हंशी नेगी, क्षेत्रीय जनप्रतिनिधि, जिला शिक्षा अधिकारी पी.एल. टमटा और स्थानीय जनता उपस्थित रहे।


