उत्तराखंड कैडर के वरिष्ठ आईएएस अधिकारी को केंद्र सरकार ने तीन वर्ष की प्रतिनियुक्ति पर लोकसभा सचिवालय में संयुक्त सचिव पद पर तैनाती दी है। खास बात यह है कि देहरादून जिलाधिकारी रहते हुए जिस कार्यालय से आईएएस सविन बंसल खिलाफ शिकायत भेजी गई थी, अब उसी लोकसभा सचिवालय में वह महत्वपूर्ण जिम्मेदारी संभालेंगे।
2009 बैच के आईएएस अधिकारी सविन बंसल की केंद्रीय प्रतिनियुक्ति को लेकर लंबे समय से चर्चा चल रही थी। अब उनकी तैनाती का आदेश जारी हो गया है। सचिव स्तर के अधिकारी सविन बंसल जल्द लोकसभा सचिवालय में संयुक्त सचिव के रूप में कार्यभार ग्रहण करेंगे।
दरअसल, सविन बंसल जब देहरादून के जिलाधिकारी थे, उस दौरान लोकसभा अध्यक्ष के देहरादून दौरे के समय प्रोटोकॉल व्यवस्था को लेकर शिकायत सामने आई थी। आरोप था कि निर्धारित प्रोटोकॉल का पालन नहीं हुआ और तत्कालीन जिलाधिकारी सविन बंसल से संपर्क नहीं हो पाया। इस मामले में लोकसभा सचिवालय की ओर से शासन को पत्र भेजकर शिकायत की गई थी।
हालांकि यह मामला पुराना है और अब इसका कोई प्रभाव नहीं है, लेकिन सविन बंसल की उसी कार्यालय में तैनाती होने के बाद यह मामला फिर चर्चा में आ गया है। सविन बंसल उत्तराखंड में जिलाधिकारी देहरादून सहित कई महत्वपूर्ण पदों पर अपनी सेवाएं दे चुके हैं। प्रशासनिक अनुभव को देखते हुए उन्हें केंद्र में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी दी गई है।
इधर, उत्तराखंड प्रशासनिक गलियारों में अन्य आईएएस अधिकारियों की प्रतिनियुक्ति और तबादलों को लेकर भी चर्चाएं तेज हो गई हैं। आईएएस अधिकारी वंदना के भी जल्द केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर जाने की संभावना जताई जा रही है। वहीं, केंद्र में प्रतिनियुक्ति पूरी कर उत्तराखंड लौटीं आईएएस ज्योति यादव अभी नई तैनाती का इंतजार कर रही हैं। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में सचिवालय से लेकर जिला स्तर तक कई आईएएस अधिकारियों की जिम्मेदारियों में बदलाव हो सकता है।


