उत्तराखण्ड सरकार ने वर्ष 2026–27 के बजट में पूर्व उपनल कर्मियों के लिए एक महत्वपूर्ण घोषणा की है। सरकार ने समान कार्य के लिए समान वेतन की व्यवस्था लागू करने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए इसके लिए 289 करोड़ 98 लाख 29 हजार रुपये का प्रावधान किया है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि राज्य सरकार कर्मचारियों और श्रमिकों के हितों के प्रति पूरी तरह संवेदनशील है। उन्होंने बताया कि पूर्व उपनल कर्मियों ने विभिन्न सरकारी विभागों में लंबे समय तक महत्वपूर्ण सेवाएं दी हैं, इसलिए उनके हितों की रक्षा करना सरकार की जिम्मेदारी है। इसी उद्देश्य से बजट में पर्याप्त धनराशि सुनिश्चित की गई है ताकि समान कार्य के लिए समान वेतन की व्यवस्था को प्रभावी रूप से लागू किया जा सके।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह निर्णय राज्य सरकार की समावेशी और संवेदनशील शासन व्यवस्था को दर्शाता है। सरकार कर्मचारियों के कल्याण, प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत बनाने तथा प्रदेश में पारदर्शी और जवाबदेह शासन सुनिश्चित करने के लिए निरंतर प्रयास कर रही है।
उन्होंने विश्वास जताया कि इस फैसले से पूर्व उपनल कर्मियों को राहत मिलेगी और वे अधिक उत्साह के साथ राज्य के विकास में अपना योगदान दे सकेंगे।


