उत्तराखंड सरकार ने एक अहम फैसला लिया है। सरकार ने चारधाम यात्रा के दौरान एक अहम प्रशासनिक कदम उठाते हुए बदरी-केदार मंदिर समिति को स्थायी मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) दे दिया है। चमोली में तैनात पीसीएस अधिकारी सोहन सिंह को इस पद की जिम्मेदारी सौंपते हुए उन्हें उनके वर्तमान दायित्वों से मुक्त कर पूर्णकालिक रूप से नियुक्त किया गया है।
हर साल लाखों श्रद्धालुओं के केदारनाथ, बदरीनाथ, गंगोत्री और यमुनोत्री पहुंचने वाली इस यात्रा में व्यवस्थाओं को लेकर पहले से सवाल उठ रहे थे, खासकर तब जब यह पद लंबे समय तक स्थायी रूप से भरा नहीं गया था। पहले इसका अतिरिक्त प्रभार रुद्रप्रयाग के जिलाधिकारी के पास था, जिससे समन्वय में चुनौतियां सामने आ रही थीं।
सरकार का मानना है कि सोहन सिंह के प्रशासनिक अनुभव और स्थानीय समझ से यात्रा प्रबंधन को मजबूती मिलेगी। शुरुआती दिनों में भीड़ और अव्यवस्था को लेकर मिली शिकायतों के बीच यह नियुक्ति स्थिरता लाने की कोशिश के रूप में देखी जा रही है।
अब नए CEO के सामने सबसे बड़ी चुनौती यात्रा को सुरक्षित, व्यवस्थित और सुचारू बनाए रखना है, ताकि श्रद्धालुओं का अनुभव बेहतर हो सके।


