हल्द्वानी के रहने वाले 52 वर्षीय रमेश चंद्र जोशी पिछले सात महीने से लापता हैं। परिवार लगातार उनकी तलाश कर रहा है, लेकिन अब तक उनका कोई सुराग नहीं लग सका है। परिजनों का आरोप है कि गुमशुदगी दर्ज होने के बावजूद पुलिस ने मामले में अपेक्षित गंभीरता नहीं दिखाई, जिससे आज तक उनका पता नहीं चल पाया।
जानकारी के अनुसार, रमेश चंद्र जोशी 30 जनवरी 2026 की सुबह करीब साढ़े सात बजे किसी काम से घर से निकले थे। उन्होंने परिजनों से हिंदूचौड़ जाने की बात कही थी और अपनी स्कूटी (यूके-04 पी-1482) से छड़ायल चौराहा होते हुए धनपुरी की ओर गए थे। इसके बाद उनका मोबाइल कभी चालू तो कभी बंद मिलता रहा, लेकिन किसी से संपर्क नहीं हो सका।
कुछ समय बाद उनकी स्कूटी चोरगलिया रोड स्थित सूर्यादेवी मंदिर के पास लावारिस हालत में खड़ी मिली, जबकि रमेश चंद्र जोशी का कोई पता नहीं चला। उनके पुत्र करण जोशी ने उसी दिन कोतवाली हल्द्वानी में गुमशुदगी दर्ज कराई।
परिजनों का कहना है कि सात महीने बीत जाने के बाद भी पुलिस के हाथ कोई सफलता नहीं लगी है। उन्होंने अपने स्तर पर रिश्तेदारों, परिचितों और संभावित स्थानों पर काफी तलाश की, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिली। परिवार का आरोप है कि मामले में पुलिस की सुस्त कार्रवाई के कारण जांच आगे नहीं बढ़ सकी। उन्होंने पुलिस प्रशासन से गुमशुदगी के इस मामले की गंभीरता से जांच कर रमेश चंद्र जोशी का जल्द से जल्द पता लगाने की मांग की है।


