उत्तराखंड में होटल में नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी समेत होटल मैनेजर और संचालक को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, जांच में होटल प्रबंधन की लापरवाही सामने आई है। नाबालिग को बिना उचित पहचान और सत्यापन के होटल में ठहरने की अनुमति दी गई और आवश्यक रजिस्टर में भी उसकी एंट्री नहीं की गई। घटना के दौरान होटल के सीसीटीवी कैमरे बंद होने की बात भी जांच में सामने आई है।
30 अगस्त को ऋषिकेश के पुराने रेलवे स्टेशन के पास चेला चेतराम मार्ग स्थित होटल में नाबालिग से दुष्कर्म का मामला सामने आया था। पीड़िता के पिता की शिकायत पर पुलिस ने पोक्सो एक्ट सहित संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया था। मुख्य आरोपी की पहचान सोफियान (21) निवासी गढ़ी, थाना जानसठ, मुजफ्फरनगर के रूप में हुई। पुलिस ने उसे 31 अगस्त को हरिद्वार में सिंहद्वार फ्लाईओवर के नीचे से गिरफ्तार किया।
पुलिस पूछताछ और विवेचना में सामने आए तथ्यों के आधार पर होटल मैनेजर वैभव गुप्ता (34) और संचालक राहुल अग्रवाल (36) को भी सह आरोपी बनाकर गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने मुख्य आरोपी के मोबाइल से घटना से संबंधित आपत्तिजनक फोटो-वीडियो मिलने का दावा किया है। मोबाइल को कब्जे में लेकर डिजिटल साक्ष्यों की जांच की जा रही है।
होटल प्रबंधन की कथित लापरवाही को देखते हुए पुलिस ने सराय एक्ट के तहत होटल का लाइसेंस निरस्त करने की संस्तुति के लिए एसडीएम ऋषिकेश को रिपोर्ट भेजी है। पुलिस ने होटल संचालकों को बिना पहचान-सत्यापन कमरा देने पर कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी है।


