उत्तराखंड को बड़ी वित्तीय राहत देते हुए केंद्र सरकार ने ‘प्राइड ऑफ हिल्स’ कार्यक्रम और राज्यों के लिए विशेष सहायता योजना (एसएएससीआई) के तहत 2355.54 करोड़ रुपये की सहायता स्वीकृत की है। इस पैकेज में 2283.60 करोड़ रुपये ऋणों के पुनर्भुगतान और 71.94 करोड़ रुपये केंद्रपोषित योजनाओं में राज्यांश के लिए दिए गए हैं।
केंद्र से मिली इस सहायता से राज्य सरकार को अपने बढ़ते ऋण बोझ के प्रबंधन में मदद मिलेगी। साथ ही, बजट में ऋण अदायगी के लिए निर्धारित धनराशि को अब आधारभूत ढांचे के विकास और जनकल्याणकारी योजनाओं पर खर्च किया जा सकेगा, जिससे विकास कार्यों को गति मिलने की उम्मीद है।
‘प्राइड ऑफ हिल्स’ कार्यक्रम के तहत उत्तराखंड को कुल 3460 करोड़ रुपये का 50 वर्षों के लिए ब्याजमुक्त ऋण स्वीकृत किया गया है। इसके तहत पहली किस्त के रूप में 2355 करोड़ रुपये जारी किए गए हैं। ब्याजमुक्त ऋण होने के कारण राज्य पर तत्काल कोई अतिरिक्त वित्तीय दबाव नहीं पड़ेगा।
वित्त सचिव दिलीप जावलकर के अनुसार, केंद्रीय वित्त मंत्रालय की मंजूरी के बाद वित्तीय वर्ष 2026-27 में इस योजना के तहत राज्य को अब तक 2355.54 करोड़ रुपये प्राप्त हो चुके हैं। उन्होंने कहा कि यह सहायता राज्य की वित्तीय स्थिति को मजबूत करने के साथ-साथ पर्वतीय क्षेत्रों में आधारभूत संरचना और विकास परियोजनाओं के विस्तार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।


