उत्तराखंड में स्वतंत्रता दिवस के मद्देनजर पुलिस विशेष चौकसी बरत रही है। संदिग्धों पर पैनी नजर रखी जा रही है। इसे लेकर सघन चेकिंग की जा रही है। इस बीच देहरादून पुलिस के हाथ बड़ी सफलता लगी है। प्रेमनगर क्षेत्र में देर रात चेकिंग के दौरान पुलिस और बदमाशों के बीच मुठभेड़ हो गई। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में सहारनपुर का कथित गैंगस्टर रईस दोनों पैरों में गोली लगने से घायल हो गया, जबकि उसका साथी नवाब अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गया।
बिना नंबर की बाइक पर सवार थे बदमाश
पुलिस के मुताबिक 12-13 अगस्त की देर रात प्रेमनगर पुलिस दरू चौक के पास संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान गोरखपुर चौक की ओर से काले रंग की बिना नंबर वाली मोटरसाइकिल पर दो युवक आते दिखाई दिए। पुलिस ने उन्हें रुकने का इशारा किया, लेकिन दोनों बाइक की रफ्तार बढ़ाकर चाय बागान की ओर भागने लगे।
पुलिस टीम ने तत्काल वायरलेस के जरिए आसपास के थानों को सूचना दी और बदमाशों का पीछा शुरू कर दिया। पितांबरपुर-बनियावाला मार्ग पर दोनों बदमाश बाइक छोड़कर चाय बागान की ओर पैदल भागने लगे।
पुलिस टीम पर की फायरिंग
पुलिस के अनुसार पीछा किए जाने के दौरान बदमाशों ने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। इस दौरान पुलिस का सरकारी वाहन भी क्षतिग्रस्त हो गया। पुलिसकर्मियों ने आत्मरक्षा में जवाबी फायरिंग की, जिसमें एक बदमाश के दोनों पैरों में गोली लग गई। घायल बदमाश को तत्काल उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया।
घायल बदमाश की पहचान रईस पुत्र नसीम, निवासी खाताखेड़ी, थाना मंडी, जिला सहारनपुर और हाल निवासी छुटमलपुर के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक रईस की उम्र करीब 26 वर्ष है। वहीं, उसका साथी नवाब निवासी सहारनपुर अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गया। पुलिस उसकी तलाश में आसपास के इलाकों में सर्च अभियान चला रही है।
मुठभेड़ स्थल से हथियार बरामद
पुलिस ने मुठभेड़ स्थल से 315 बोर का तमंचा, दो खोखा कारतूस, एक चापड़, एक कुल्हाड़ी, दो छुरी, नायलॉन की रस्सी और बिना नंबर की स्प्लेंडर मोटरसाइकिल बरामद की है।
गौकशी के मामले में वांछित था रईस
एसएसपी देहरादून प्रमेंद्र डोबाल के अनुसार घायल रईस वर्ष 2024 में प्रेमनगर क्षेत्र में हुई गौकशी की घटना में वांछित चल रहा था। इस मामले में प्रेमनगर थाने में मुकदमा दर्ज है। पुलिस इस मामले में रईस के चार साथियों को पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है।
पुलिस के मुताबिक रईस अपने साथी नवाब के साथ दोबारा देहरादून आया था। दोनों टी-स्टेट और आसपास के इलाकों में घूमने वाले आवारा गौवंश की रेकी कर गौकशी की वारदात को अंजाम देने की फिराक में थे। पुलिस से बचने के लिए बाइक की नंबर प्लेट भी हटा दी गई थी।
रईस पर दर्ज हैं करीब डेढ़ दर्जन मुकदमे
देहरादून पुलिस के अनुसार रईस सहारनपुर का कथित गैंगस्टर है। उसके खिलाफ उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड में गौकशी, चोरी, आर्म्स एक्ट और गैंगस्टर एक्ट समेत करीब डेढ़ दर्जन मुकदमे दर्ज हैं। इनमें सहारनपुर, हरिद्वार और देहरादून के मामले शामिल हैं।
फरार साथी की तलाश में सर्च ऑपरेशन
पुलिस पर फायरिंग और जानलेवा हमला करने के मामले में प्रेमनगर थाने में संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। वहीं, फरार आरोपी नवाब की तलाश में पुलिस ने आसपास के क्षेत्रों में सर्च ऑपरेशन तेज कर दिया है। स्वतंत्रता दिवस को देखते हुए जिलेभर में संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की लगातार चेकिंग की जा रही है। अंतरराज्यीय और अंतरजनपदीय चेकपोस्ट के साथ ही शहर और ग्रामीण क्षेत्रों के आंतरिक मार्गों पर भी पुलिस की निगरानी बढ़ा दी गई है।


