उत्तराखंड में शराब की दुकानों पर ओवररेटिंग और नियमों के उल्लंघन की शिकायतों के बाद प्रशासन ने सख्ती शुरू कर दी है। जिलाधिकारी देहरादून आशीष चौहान के निर्देश पर देर रात कई मजिस्ट्रेट टीमों ने शहर के अलग-अलग इलाकों में शराब की दुकानों पर औचक छापेमारी की। इस दौरान ओवररेटिंग, स्टॉक रजिस्टर अपडेट न होने, अनाधिकृत सेल्समैन की मौजूदगी और रेट लिस्ट नहीं लगाए जाने जैसी खामियां सामने आईं।
ज्वाइंट मजिस्ट्रेट राहुल आनंद व हर्षिता सिंह, सिटी मजिस्ट्रेट राकेश तिवारी, एसडीएम सदर अपूर्वा सिंह और एसडीएम मुख्यालय रविंद्र ज्वांठा के नेतृत्व में टीमों ने माजरा, पटेलनगर, आईएसबीटी, प्रेमनगर, जाखन और राजपुर रोड क्षेत्र में दुकानों की जांच की। टीमों के साथ संबंधित क्षेत्रीय आबकारी निरीक्षक भी मौजूद रहे।
आईएसबीटी की दुकान पर ओवररेटिंग की शिकायत सही मिली। जांच के दौरान दुकान में रखी 42 शराब की बोतलों के बैच नंबर उपलब्ध अभिलेखों से मेल नहीं खाए। इसके अलावा अनाधिकृत सेल्समैन मिले और निर्धारित रेट लिस्ट भी चस्पा नहीं थी।
प्रेमनगर में स्टॉक रजिस्टर में खामी मिली। यहां एक दुकान का स्टॉक रजिस्टर अपडेट नहीं पाया गया और अनाधिकृत सेल्समैन भी मौजूद मिला। वहीं जाखन और राजपुर रोड क्षेत्र की दुकानों में रेट लिस्ट और आबकारी विभाग का शिकायत नंबर प्रदर्शित नहीं किया गया था।
प्रशासन की टीमों ने स्टॉक, बिक्री अभिलेख, बैच नंबर, निर्धारित बिक्री दर और सेल्समैन की वैधता समेत कई बिंदुओं की जांच की। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को नियमित औचक निरीक्षण करने और नियमों का उल्लंघन मिलने पर नियमानुसार कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि ओवररेटिंग और अन्य अनियमितताओं को लेकर आगे भी छापेमारी जारी रहेगी।


