उत्तराखण्ड गढ़वाल जन मुद्दे देहरादून हिल दर्पण

गैरसैंण में गरमाया सदन… राशन कार्ड से लेकर वेडिंग डेस्टिनेशन तक, कई मुद्दों पर घिरी सरकार

खबर शेयर करें -

उत्तराखंड के गैरसैंण स्थित भराड़ीसैंण विधानसभा भवन में बजट सत्र 2026 का तीसरा दिन आज जारी है। सदन की कार्यवाही सुबह 11 बजे प्रश्नकाल से शुरू हुई, जिसमें विधायकों ने कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या के विभागों से जुड़े कई सवाल उठाए। रेखा आर्या के पास महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास, खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले तथा खेल एवं युवा कल्याण जैसे महत्वपूर्ण विभाग हैं।

प्रश्नकाल के दौरान कांग्रेस विधायक काजी निजामुद्दीन ने बीपीएल और एपीएल राशन कार्डों को लेकर सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि प्रदेश में कई लोगों के राशन कार्ड नहीं बन पा रहे हैं, जिससे आयुष्मान कार्ड बनने में भी परेशानी हो रही है।

इस पर मंत्री रेखा आर्या ने स्पष्ट किया कि राशन कार्ड और आयुष्मान कार्ड का आपस में कोई सीधा संबंध नहीं है। उन्होंने बताया कि कई मामलों में परिवार के बंटवारे के समय तकनीकी समस्याएं आती हैं। हालांकि काजी निजामुद्दीन ने इसे पूरे प्रदेश की नीतिगत समस्या बताते हुए सरकार से समाधान की मांग की।

यह भी पढ़ें 👉  उत्तराखंड में बड़ा पेपर लीक कांड!... परीक्षा से पहले वायरल हुआ प्रश्नपत्र, प्रोफेसर पर गिरी गाज

सदन में कांग्रेस विधायक लखपत बुटोला ने चमोली जिले के दशोली क्षेत्र के सेमलडाला मैदान (पेपलकोटी) के विस्तार को लेकर सवाल पूछा। इस पर मंत्री ने कहा कि फिलहाल मैदान के विस्तार से संबंधित कोई प्रस्ताव विचाराधीन नहीं है।

भाजपा विधायक सुरेश गड़िया ने नेशनल गेम्स में पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को सरकारी नौकरी देने के विषय पर प्रश्न उठाया। वहीं डोईवाला से विधायक बृजभूषण गैरोला ने मातृ वंदना योजना में लक्ष्य से कम पंजीकरण का मुद्दा उठाया।

रेखा आर्या ने जवाब देते हुए कहा कि राष्ट्रीय स्वास्थ्य सर्वेक्षण और योजना के निर्धारित मानकों के कारण व्यावहारिक दिक्कतें सामने आ रही हैं। इसी क्रम में विधायक महेश जीना ने भी एपीएल-बीपीएल राशन कार्ड के मानकों पर सवाल उठाए।

यह भी पढ़ें 👉  अब नैनीताल में नहीं आएगा 'नो सिग्नल'!... दूरसंचार कंपनियों को प्रशासन का अल्टीमेटम

खेल और युवा कल्याण विभाग से जुड़े सवालों के दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भी हस्तक्षेप करते हुए बताया कि राज्य सरकार ने बजट में हर ब्लॉक में मिनी स्टेडियम बनाने का प्रावधान रखा है।

इस बीच विधानसभा भवन के अन्य उपयोग को लेकर मंत्री सतपाल महाराज के बयान पर विपक्ष ने कड़ी आपत्ति जताई है। नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्या ने कहा कि भराड़ीसैंण स्थित विधानसभा भवन को शादी-बारात या कॉरपोरेट कार्यक्रमों के लिए उपयोग करने का सुझाव बेहद निंदनीय है।

उन्होंने कहा कि गैरसैंण केवल एक भवन नहीं बल्कि राज्य आंदोलन और उत्तराखंड की जनता की भावनाओं का प्रतीक है। ऐसे स्थान को व्यावसायिक आयोजनों के लिए उपयोग करने की बात राज्य की अस्मिता का अपमान है। उन्होंने सरकार से इस मुद्दे पर स्पष्ट जवाब देने की मांग की।

आज सदन में प्रश्नकाल के बाद नियम 58 और विशेषाधिकार हनन से जुड़े मामलों पर भी चर्चा होगी। इस दौरान धारचूला के विधायक हरीश धामी को भी सुना जाएगा। इसके बाद विधायी कार्यों के निपटारे के बाद मुख्यमंत्री बजट पर सामान्य चर्चा का प्रस्ताव पेश करेंगे।

यह भी पढ़ें 👉  सड़क बनी या भ्रष्टाचार की राह?...नैनीताल डीएम ने बैठाई हाई लेवल जांच समिति

सदन की कार्यवाही से पहले सुबह मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भराड़ीसैंण में भ्रमण किया और पूर्व ग्राम प्रधान चंद्र सिंह की दुकान पर चाय की चुस्कियां लीं। इस दौरान उन्होंने स्थानीय लोगों से बातचीत कर सरकार की योजनाओं पर फीडबैक भी लिया।

सीएम धामी ने कहा कि सरकार का प्रयास इकोलॉजी और इकॉनमी के बेहतर संतुलन के साथ पहाड़ी क्षेत्रों का सुनियोजित विकास करना है, ताकि स्थानीय लोगों को सड़क, पेयजल, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार जैसी बुनियादी सुविधाएं मिल सकें। उन्होंने कहा कि आर्थिक सर्वेक्षण 2025–26 के आंकड़े सरकार के प्रयासों के सकारात्मक परिणाम को दर्शाते हैं।

Ad
हिल दर्पण डेस्क

हिल दर्पण डेस्क

About Author

"हिल दर्पण" उत्तराखण्ड तथा देश-विदेश की ताज़ा ख़बरों व समाचारों का एक डिजिटल माध्यम है। अपने विचार अथवा अपने क्षेत्र की ख़बरों को हम तक पहुंचानें हेतु संपर्क करें। धन्यवाद! Email: [email protected]

You may also like

उत्तराखण्ड धर्म/संस्कृति बागेश्वर

उत्तराखंड को माना जाता है शिवजी का ससुराल, यह है मान्यता      

खबर शेयर करें -उत्तराखंड में कई प्राचीन शिव मंदिर हैं जिनके बारे में मान्यता है कि सच्चे मन से मांगी
उत्तराखण्ड देहरादून मौसम

*मौसम विभाग की चेतावनी- पहाड़ों में होगी बारिश और बर्फबारी, कोहरे की आगोश में रहेंगे यह जिले*

खबर शेयर करें -देहरादून। उत्तराखंड में एक बार फिर मौसम बदलने को तैयार है। इस बीच उच्च हिमालयी क्षेत्रों में