नैनीताल जिले के प्रसिद्ध कैंची धाम स्थापना दिवस मेले को लेकर पुलिस और प्रशासन तैयारियों को अंतिम रूप देने में जुटा है। भारी भीड़ की संभावना को देखते हुए प्रशासन ने 13 जून से 16 जून तक के लिए विस्तृत यातायात व्यवस्था और डायवर्जन प्लान जारी कर दिया है। इस दौरान हल्द्वानी, काठगोदाम, भीमताल, भवाली और आसपास के क्षेत्रों में यातायात पर सख्त नियंत्रण रहेगा तथा कई प्रमुख मार्गों को डायवर्ट किया जाएगा।
प्रशासन का उद्देश्य मेले के दौरान श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा से बचाना और यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखना है। इसके लिए विस्तृत पार्किंग और शटल सेवा योजना भी लागू की गई है।
बाहरी राज्यों और अन्य जनपदों से आने वाले श्रद्धालुओं के वाहनों को रामनगर, कालाढूंगी, लालकुआं, बरेली रोड और अन्य प्रमुख मार्गों से डायवर्ट कर निर्धारित पार्किंग स्थलों तक पहुंचाया जाएगा। यहां से श्रद्धालुओं को शटल सेवा के माध्यम से कैंची धाम भेजा जाएगा। काठगोदाम रेलवे स्टेशन, नगर निगम पार्किंग, विकास भवन भीमताल और भवाली सैनेटोरियम सहित कई स्थानों को प्रमुख पार्किंग स्थल के रूप में चिन्हित किया गया है।
रामनगर, दिल्ली, हरिद्वार और एनसीआर की ओर से आने वाले वाहनों को नयागांव, लामाचौड़, आरटीओ रोड, तीनपानी और गोलापार होते हुए काठगोदाम की ओर भेजा जाएगा, जहां से उन्हें पार्किंग के बाद शटल सेवा उपलब्ध कराई जाएगी। इसी तरह रामपुर रोड और बरेली रोड से आने वाले वाहनों को भी गोलापार और काठगोदाम क्षेत्र में पार्क कराया जाएगा।
भीमताल और भवाली क्षेत्र से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए विकास भवन भीमताल और सैनेटोरियम भवाली को प्रमुख पार्किंग स्थल बनाया गया है। वहीं अल्मोड़ा, बागेश्वर और पिथौरागढ़ की ओर से आने वाले वाहनों को खैरना और भीमताल में रोककर शटल सेवा से कैंची धाम भेजा जाएगा।
मेले के दौरान 13 जून से 16 जून तक भारी मालवाहक वाहनों का संचालन लगभग पूर्ण रूप से प्रतिबंधित रहेगा। आवश्यक सेवाओं से जुड़े वाहनों को सीमित समय के लिए अनुमति दी जाएगी। रोडवेज और केएमयू बसों के संचालन को भी निर्धारित रूट और समय के अनुसार नियंत्रित किया गया है।
छोटे वाहनों के लिए भी विशेष डायवर्जन व्यवस्था लागू रहेगी, जिसके तहत नैनीताल, हल्द्वानी, काठगोदाम, भीमताल और भवाली से कैंची धाम जाने वाले वाहनों को निर्धारित पार्किंग स्थलों पर रोककर शटल सेवा से आगे भेजा जाएगा। कई स्थानों पर दोपहिया वाहनों का प्रवेश भी प्रतिबंधित रहेगा।
श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए हल्द्वानी, काठगोदाम रेलवे स्टेशन, रोडवेज स्टेशन, भवाली, भीमताल, खैरना और गौलापार आईएसबीटी सहित कुल 10 प्रमुख स्थानों से शटल सेवा संचालित की जाएगी। पुलिस प्रशासन ने बताया कि पूरे क्षेत्र में दर्जनों डायवर्जन प्वाइंट बनाए गए हैं, जहां से यातायात को वैकल्पिक मार्गों की ओर मोड़ा जाएगा ताकि भीड़ और जाम की स्थिति को नियंत्रित किया जा सके।
अधिकारियों ने कहा कि यह पूरी व्यवस्था श्रद्धालुओं की सुरक्षा, सुगम आवागमन और बेहतर प्रबंधन को ध्यान में रखते हुए की गई है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे निर्धारित यातायात प्लान का पालन करें और सहयोग बनाए रखें, ताकि मेले के दौरान व्यवस्था सुचारू बनी रहे।


