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कत्ल के बाद खौफनाक खेल!… घर में छिपी थी लाश, आरोपी बाहर देख रही थी रामलीला

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उत्तराखंड के बागेश्वर जिले में अधिवक्ता धीरेंद्र परिहार की हत्या के मामले में चौंकाने वाले खुलासे सामने आए हैं। आरोपित लता भंडारी ने हत्या के बाद दो दिन तक शव अपने घर में चारपाई के नीचे छिपाकर रखा। इस दौरान वह सामान्य रूप से लोगों के बीच आती-जाती रही। यहां तक कि नुमाइशखेत में आयोजित दुर्गा पूजा कार्यक्रम में शामिल हुई और रामलीला भी देखी। किसी को उसके घर के भीतर हुई वारदात की भनक तक नहीं लगी।

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जानकारी के अनुसार, दो दिन बाद लता अपने मायके पहुंची और भाई को घटना की जानकारी देते हुए शव ठिकाने लगाने में मदद मांगी। इसके बाद मामले में उसके भाई की भूमिका भी सामने आई।

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बताया जा रहा है कि धीरेंद्र परिहार और लता भंडारी वर्ष 2020 में एक-दूसरे के संपर्क में आए थे। दोनों के बीच प्रेम प्रसंग था, लेकिन वर्ष 2022 के बाद उनकी बातचीत कम होने लगी थी। लता ने धीरेंद्र का मोबाइल नंबर भी ब्लॉक कर दिया था। 17 अक्टूबर को धीरेंद्र ने दूसरे मोबाइल नंबर से उससे संपर्क किया। शाम करीब सात से साढ़े सात बजे के बीच वह लता के घर पहुंचा था। इसके बाद रात करीब 11 बजे वह दोबारा वहां गया। घटना के पीछे की परिस्थितियों और हत्या से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच की जा रही है।

हिल दर्पण डेस्क

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