उत्तराखंड में इन दिनों राजनीति गर्माई हुई है। भाजपा और कांग्रेस के नेता एक-दूसरे पर आरोप लगा रहे हैं। इसी बीच एक बड़ा बयान कैबिनेट मंत्री की तरफ से सामने आया है।
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व कैबिनेट मंत्री हरक सिंह रावत लगातार बीजेपी पर गंभीर आरोप लगा रहे हैं। उन्होंने हाल ही में बीजेपी पर धन उगाही समेत कई मुद्दों पर सवाल उठाए हैं, जिस पर बीजेपी ने जवाब दिया है।
मसूरी में बीजेपी के कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने हरक सिंह रावत पर टिप्पणी की है। उन्होंने कहा कि हरक सिंह रावत अब जनता के लिए गंभीर नेता नहीं रहे, क्योंकि वे समय-समय पर अलग-अलग बयान देते रहते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि हरक सिंह रावत कई दलों में शामिल हो चुके हैं और भाजपा में रहते हुए कांग्रेस पर हमला करते थे, अब कांग्रेस में रहते हुए भाजपा पर आरोप लगा रहे हैं। इसलिए उनकी बातों का कोई खास महत्व नहीं है।
वहीं, हरक सिंह रावत ने पहले बीजेपी पर आरोप लगाया था कि पार्टी ने चलाने के लिए बैंक में 30 करोड़ रुपए की एफडी कराई है। उन्होंने कहा कि वन मंत्री रहते हुए उन्होंने हल्द्वानी और उधम सिंह नगर के खनन कारोबारियों से भी इस एफडी के लिए एक करोड़ रुपए जुटाए थे। हरक सिंह ने कहा था कि अगर ईडी ने इस मामले की जांच ईमानदारी से की, तो कई बीजेपी नेता सलाखों के पीछे होंगे।
इस मामले पर पूर्व मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने भी बयान दिया था। उन्होंने कहा था कि एफडी की राशि 27 करोड़ रुपए थी, न कि 30 करोड़। उन्होंने बताया कि ये पैसे चेक के जरिए जुटाए गए थे और पार्टी चलाने के लिए कार्यकर्ता और पैसा दोनों जरूरी होते हैं।