उत्तराखण्ड कुमाऊं गढ़वाल जन मुद्दे देहरादून हिल दर्पण

बोले सीएम धामी… तीन सालों में जनहित में उठाए साहसिक कदम

खबर शेयर करें -

उत्तराखंड सरकार के तीन साल पूरे होने पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पत्रकारों से संवाद किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि इन तीन वर्षों में राज्य सरकार ने जनहित में कई साहसिक कदम उठाए हैं। मुख्यमंत्री ने इसे देवभूमि के लिए शानदार, ऐतिहासिक और इतिहास निर्माण करने वाला समय बताया।

यह भी पढ़ें 👉  शातिर ने बनाई फर्जी वेबसाइट... फिर ऑनलाइन धोखाधड़ी, ऐसे चढ़ा हत्थे

मुख्यमंत्री धामी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन को अहम बताते हुए कहा कि “युवाओं का उत्तराखंड” आज अच्छे नेतृत्व, मेहनत और दृढ़ शक्ति के साथ तीव्र गति से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने प्रदेश की जनता से जो भी वादे किए थे, वे सभी वादे समय पर पूरे किए गए हैं।

यह भी पढ़ें 👉  गौ तस्कर की पुलिस से मुठभेड़... जवाबी कार्रवाई में गिराया ईनामी

मुख्यमंत्री ने राज्य की डेमोग्राफी और देवभूमि के स्वरूप को बरकरार रखने के लिए सरकार की प्राथमिकताओं को स्पष्ट किया। उन्होंने कहा कि समान नागरिक संहिता, धर्मांतरण कानून, दंगारोधी कानून और सख्त भू कानून जैसे ऐतिहासिक और साहसिक कदम उठाए गए हैं।

यह भी पढ़ें 👉  फेमस होने की होड़!... सोशल मीडिया स्टंटबाजों पर पैनी निगाह, कार्रवाई से मची खलबली

इसके साथ ही, सीएम धामी ने राज्य की जनता का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि विकट परिस्थितियों में भी जनता ने सरकार का पूरा समर्थन किया और पार्टी पर विश्वास जताया। उन्होंने राज्य की जनता को “देवतुल्य” बताते हुए धन्यवाद दिया।

हिल दर्पण डेस्क

हिल दर्पण डेस्क

About Author

"हिल दर्पण" उत्तराखण्ड तथा देश-विदेश की ताज़ा ख़बरों व समाचारों का एक डिजिटल माध्यम है। अपने विचार अथवा अपने क्षेत्र की ख़बरों को हम तक पहुंचानें हेतु संपर्क करें। धन्यवाद! Email: [email protected]

You may also like

उत्तराखण्ड धर्म/संस्कृति बागेश्वर

उत्तराखंड को माना जाता है शिवजी का ससुराल, यह है मान्यता      

खबर शेयर करें -उत्तराखंड में कई प्राचीन शिव मंदिर हैं जिनके बारे में मान्यता है कि सच्चे मन से मांगी
उत्तराखण्ड देहरादून मौसम

*मौसम विभाग की चेतावनी- पहाड़ों में होगी बारिश और बर्फबारी, कोहरे की आगोश में रहेंगे यह जिले*

खबर शेयर करें -देहरादून। उत्तराखंड में एक बार फिर मौसम बदलने को तैयार है। इस बीच उच्च हिमालयी क्षेत्रों में